नमस्कार, आप सबका स्वागत है इस नए Master Investor Series में।
हम सिर्फ ये समझेंगे कि लोग स्टॉक मार्केट से डरते क्यों हैं, इसमें रिस्क क्या है ,और हमें रिटर्न्स किस तरह मिलते हैं।
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Share market basics |
Stock Market के Basics, Risks और Returns - Share Market Basics for Beginners
अक्सर हमारा डर ज्ञान की कमी से होता है।
अंधविश्वास भी डर की ही एक वजह है, लेकिन जब ज्ञान मिल जाता है तो डर खत्म हो जाता है।
यही बात स्टॉक मार्केट पर भी लागू होती है।
जब ज्ञान नहीं होता तो आत्मविश्वास नहीं आता और वही फोबिया बन जाता है।
बहुत से लोग अपने रिश्तेदारों या दोस्तों के घाटे की कहानियाँ सुनकर डर जाते हैं।
हो सकता है घाटा ज्ञान की कमी से हुआ हो लेकिन वही लोग दूसरों को भी हतोत्साहित कर देते हैं।
जबकि सच ये है कि स्टॉक मार्केट बहुत ज़रूरी है—सिर्फ आपके लिए नहीं, बल्कि पूरे देश की अर्थव्यवस्था के लिए।
सरकारें भी स्टॉक मार्केट पर नज़र रखती हैं और पेंशन स्कीम्स तक इसमें निवेश करती हैं।
तो अगर ये जुआ होता, तो सरकारें इसमें निवेश क्यों करतीं?
👉 स्टॉक मार्केट जुआ नहीं है और इसे हम आगे विस्तार से समझेंगे।
हर स्टॉक के पीछे एक असली बिज़नेस और एसेट होता है।
हमारा अप्रोच ज्ञान बढ़ाने का होना चाहिए, ताकि डर खत्म हो सके।
इसी सीरीज़ में हम स्टॉक मार्केट के रिस्क, रिटर्न और फोबियाज़ पर चर्चा करेंगे।
अब मैं आपको थोड़ा और इस Master Investor Series के बारे में बताता हूँ।
बहुत से लोगों ने कॉमेंट और ईमेल के ज़रिए कहा कि इंटरनेट पर आसान हिंदी भाषा में क्वालिटी कंटेंट उपलब्ध नहीं है।
इसलिए हमने ठाना है कि हम भारत के स्टॉक मार्केट पर हाई क्वालिटी कंटेंट हिंदी में बनाएंगे।
अगर आपको 10वीं तक का गणित और थोड़ी बेसिक इंग्लिश आती है तो आप इस सीरीज़ को आसानी से फॉलो कर पाएंगे।
📒 मेरी रिक्वेस्ट है कि एक नोटबुक बनाकर उसमें नोट्स लिखें।
इससे आपको चीज़ें लंबे समय तक याद रहेंगी।
अब आते हैं असली टॉपिक पर—
लोग स्टॉक मार्केट से इतना डरते क्यों हैं और इस डर को कैसे कम किया जाए।
📊 अब समझते हैं कि लोग कैसे घाटे में जाते हैं।
जब Bull Run आता है तो मार्केट तेजी से बढ़ता है और लोग खूब मुनाफ़ा कमाते हैं।
लेकिन जैसे ही मार्केट गिरता है, नए निवेशक घबरा जाते हैं और भारी घाटा झेलते हैं।
यही वजह है कि लोग कहते हैं—“स्टॉक मार्केट में सिर्फ नुकसान होता है।”
जबकि असलियत ये है कि लॉन्ग टर्म में स्टॉक मार्केट हमेशा ऊपर गया है।
उदाहरण के लिए:
अगर आपने 1979 में SENSEX में 100 रुपये लगाए होते, तो 2019 तक वही रकम 36,000 रुपये हो जाती।
यानि 16% का वार्षिक कंपाउंडेड रिटर्न।
लेकिन शॉर्ट टर्म में मार्केट ऊपर-नीचे होता रहता है।
इसीलिए टाइमिंग और रिस्क मैनेजमेंट बहुत ज़रूरी है।
📌 स्टॉक मार्केट से रिटर्न के दो मुख्य स्रोत होते हैं:
कैपिटल गेन (सस्ता खरीदना और महंगा बेचना)
डिविडेंड (कंपनी का मुनाफ़े में से हिस्सा)
📖 अब सवाल है कि हमें क्या करना चाहिए?
सबसे पहले खुद को एजुकेट करें।
एक डीमैट और ट्रेडिंग अकाउंट खोलें।
छोटा शुरू करें—₹10,000 से भी शुरुआत कर सकते हैं।
धीरे-धीरे ज्ञान और आत्मविश्वास बढ़ने पर निवेश बढ़ाएँ।
सफल निवेशकों जैसे वॉरेन बफ़ेट, राकेश झुनझुनवाला आदि की इन्वेस्टिंग फिलॉसफ़ी पढ़ें।
अपनी खुद की इन्वेस्टमेंट स्ट्रेटेजी बनाएं।
📚 सीखने वाली चीज़ें:
स्टॉक मार्केट के बेसिक कॉन्सेप्ट्स और टर्मिनोलॉजी
फंडामेंटल एनालिसिस
फ़ाइनेंशियल स्टेटमेंट्स और रेशियो एनालिसिस
वार्षिक रिपोर्ट पढ़ना और समझना
किसी कंपनी का सही मूल्य निकालना
👉 धीरे-धीरे आपका आत्मविश्वास बढ़ेगा और स्टॉक मार्केट का डर ख़त्म हो जाएगा।